श्री रामायण मन्दिरमाधवबाड़ी, बरेली · विकासनगर, देहरादून
छन्द

अपनी गादी दा नाल समाधि दा दर्श कराते। सानूँ गढ़ी कपूर पहुँचा दे।

अपनी गादी दा नाल समाधि दा दर्श कराते। सानूँ गढ़ी कपूर पहुँचा दे।

01– धन-धन बाबा जी सुखचैन तेरा गढ़ी दे विच सी स्थान।

बण गया पाकिस्तान रह गया तेरा स्थान, हिन्द बना दे। सानूँ गढ़ी कपूर

02– तेरी गढ़ी कपूर दी गादी सानूँ हर वेले याद पई आँदी

साडी सुण ले पुकार सानूँ ले जा इक बार अपणे द्वारे।सानूँ गढ़ी कपूर

03– उत्थे मेला सी लागदा इतवार, संगत आँदी से बड़ी बेशुमार

नाल सी भैरों स्थान, वीर बलवान, राम दे प्यारे। सानूँ गढ़ी कपूर

04– साडे मन विच आशा है भारी, करिये दर्शन गादी दा इक वारी

हैं अनाथां दा नाथ साडी लाज तेरे हाथ, आके बचा दे। सानूँ गढ़ी कपूर

05– गखड़ सतगुरू दे गुण गावे, आके चरणां ते शीश नवावें

सानूँ चरणां दी धूड़, सतगुरू बख्शो जरूर, आस पुजा देसानूँ गढ़ी कपूर